रांची: महिला आरक्षण बिल को लेकर सियासत तेज हो गई है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने कांग्रेस और विपक्षी दलों पर तीखा हमला बोलते हुए उनके रुख को “ओछी राजनीति” करार दिया है। प्रदेश अध्यक्ष Aditya Sahu ने कहा कि महिलाओं के मुद्दे पर विपक्ष केवल राजनीतिक लाभ लेने की कोशिश करता रहा है, जबकि केंद्र की Narendra Modi सरकार ने महिलाओं को वास्तविक भागीदारी देने की दिशा में ठोस कदम उठाया है।
25 अप्रैल को आक्रोश मार्च
महिला आरक्षण बिल सहित विभिन्न मुद्दों को लेकर 25 अप्रैल को रांची में प्रस्तावित आक्रोश मार्च की तैयारियों में भाजपा पूरी तरह जुट गई है। पार्टी का दावा है कि इस मार्च में महिलाओं और आम लोगों का भारी जनसैलाब देखने को मिलेगा। इसके साथ ही 25 से 30 अप्रैल तक राज्य के 595 मंडलों में पदयात्रा और कांग्रेस का पुतला दहन भी किया जाएगा।
बैठकों में तैयारियों की समीक्षा
कार्यक्रम की सफलता सुनिश्चित करने के लिए रांची में दो अलग-अलग स्थानों पर बैठकें आयोजित की गईं।
- प्रदेश कार्यालय में आयोजित बैठक में प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू और संगठन महामंत्री Karmveer Singh मौजूद रहे।
- दूसरी बैठक कुच्चू स्थित आदित्य साहू के पैतृक आवास पर रांची पश्चिमी जिला और मंडल पदाधिकारियों के साथ हुई।
इन बैठकों में संगठनात्मक रणनीति, कार्ययोजना और अधिक से अधिक महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।
विपक्ष पर तीखा हमला
आदित्य साहू ने आरोप लगाया कि कांग्रेस और उसके सहयोगी दल महिलाओं के नाम पर सिर्फ “राजनीतिक रोटी सेंकते” रहे हैं। उन्होंने कहा कि महिला आरक्षण जैसे महत्वपूर्ण मुद्दे पर विपक्ष का रवैया उनके वास्तविक चरित्र को उजागर करता है और देश की महिलाएं उन्हें माफ नहीं करेंगी।
वहीं संगठन महामंत्री कर्मवीर सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में “नारी शक्ति” को सशक्त करने का अभियान जारी रहेगा और किसी भी बाधा को दूर किया जाएगा।
कानून-व्यवस्था पर भी घेरा
बैठक के दौरान प्रदेश अध्यक्ष ने पंडरा क्षेत्र में हुई दिनदहाड़े गोलीबारी और जमीन कारोबारी भार्गव सिंह की मौत का जिक्र करते हुए Hemant Soren सरकार पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि राज्य में कानून-व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है और आम जनता भय के माहौल में जीने को मजबूर है।
बड़ी संख्या में जुटने का आह्वान
भाजपा ने कार्यकर्ताओं को निर्देश दिया है कि आक्रोश मार्च को सफल बनाने के लिए व्यापक जनसंपर्क अभियान चलाया जाए और विशेष रूप से महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित की जाए। पार्टी का दावा है कि 25 अप्रैल को राजधानी की सड़कों पर विपक्ष के खिलाफ जनता का आक्रोश साफ नजर आएगा।
